पीढ़ी-अंतर

सत्य पथ

Gen Gap 2

पीढ़ी-अंतर सदैव रहता है. विकास के सिद्धांत के अनुसार ये स्वाभाविक भी है. पीढ़ी-अन्तर सदैव रहेगा. हाँ अगर संतान थोड़ी सी समझ से काम ले तो पीढ़ी-अंतर के कारण जो टकराव कभी कभी परिवार में पैदा हो जाता है, उससे बचा जा सकता है.

इसके लिए मूल-मन्त्र है : माता-पिता सदैव अपनी संतान की हित की ही बात करते हैं. संतान अगर सिर्फ इस बात को समझ ले तो घर का वातावरण तनाव-मुक्त रहता हैं.

ये भी नहीं है कि संतान सदा ही गलत हो. अगर संतान अपनी बात शांति के साथ माता-पिता के सम्मुख रखती है तो वे अपनी संतान की बात को समझने की कोशिश ज़रूर करते हैं.

मगर माता-पिता फिर भी अगर संतान की सलाह के विरुद्ध फैसला करते हैं तो संतान को उनके अनुभव का लाभ उठाने से पीछे नहीं रहना चाहिए.

माता-पिता का चूँकि अपनी औलाद के साथ खून का रिश्ता होता है वो उसका…

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